Bhangarh fort haunted story

By Sahil Luthra

Bhangarh Fort Story

यूं तो भानगढ़ का इतिहास भुतहा होने के कारण कई कहानियां प्रचलति है।उन्ही कहानियों में से एक कहानी है bhangarh fort, यहाँ एक तपस्वी बाबा बालानाथ और राजा अजब सिंह के बीच किसी बात को लेकर एक समझौता हुआ था

भूतों का भानगढ़

कहते हैं कि भानगढ़ की राजकुमारी रत्नावती बहुत खुबसूरत थी। उस समय राजकुमारी खूबसूरती की चर्चा पूरे राज्य में थी। कई राज्यों से रत्नावती के लिए विवाह के प्रस्ताव आ रहे थे। उसी दौरान वो एक बार किले से अपनी सखियों के साथ बाजार में निकली।

भानगढ़ का सच क्या है?

भानगढ़ एक प्राचीन नगर है। मान्यता है कि एक तांत्रिक की बुरी नियत इस नगर के विनाश का कारण बनी। भानगढ़ किले का इतिहास के अनुसार, भानगढ़ का निर्माण आमेर के राजा भगवंत दास ने 1573 ई। में अपने छोटे बेटे माधो सिंह के लिए कराया।

भानगढ़ में रात को क्या होता है?

किला और भानगढ़ के कस्बे में यह एक ही था। तभी से यहां सिर्फ खंडहर ही बचे हैं और उनमें चलता है भूतों का राज। यहां रात के समय में रुकना कतई मना है। आज तक कोई भी इस जगह पर रात गुजारने की हिमाकत नहीं कर सका।

भानगढ़ में भूत कैसे आए?

एक दिन तांत्रिक ने राजकुमारी की एक दासी को बाजार में खुशबूदार तेल खरीदते देखा। सिंधिया ने तेल पर टोटका कर दिया, ताकि राजकुमारी उसे लगाते ही तांत्रिक की ओर खिंची चली आए। लेकिन शीशी रत्नावती के हाथ से फिसल गई और सारा तेल एक बड़ी चट्टान पर गिर गया।

रानी रत्नावती की मौत कैसे हुई?

जिस दुकान से राजकुमारी के लिए इत्र जाता था सिंधिया ने उस दुकान में जाकर रत्नावती को भेजे जाने वाली इस की बोतल पर काला जादू कर दिया और उस पर वशीकरण मंत्र का प्रयोग किया। राजकुमारी को इस बात का पता चल गया और राजकुमारी ने उस इत्र की बोतल को उठाया

क्या भानगढ़  में सच में भूत है?

इसे स्थानीय लोगों की भाषा में भूतों का भानगढ़ कहा जाता है। वो है काला जादू के तांत्रिक के शाप के कारण आज ये जह भूतों से भरी हुई है। लेकिन आज तक किसी ने सच कोई भूत देखा नहीं है।

भानगढ़ कैसे उजाड़ हुआ?

साधु ने गुस्से में श्राप दिया जिससे भानगढ़ तबाह हो गया। एक तीसरी कहानी के मुताबिक 1720 में भानगढ़ इसलिए उजड़ने लगा था क्योंकि यहां पानी की कमी थी। 1783 में एक अकाल पड़ा जिसने यहां रिहाइश को खत्म कर दिया और भानगढ़ पूरी तरह से उजड़ गया।

क्या है भानगढ़ किले का रहस्य?

जिस दुकान से राजकुमारी के लिए इत्र जाता था उसने उस दुकान में जाकर रत्नावती को भेजे जाने वाली इस की बोतल पर काला जादू कर उस पर वशीकरण मंत्र का प्रयोग किया। जब राजकुमारी को सच्चाई पता चल गई, तो उसने इत्र की शीशी पास ही एक पत्थर फेंक दी।

भानगढ़ किले का इतिहास के बारे

जयपुर, उदयपुर, जोधपुर या पुष्कर को भूल जाइए, हम आपको भानगढ़ किले की यात्रा करने की हिम्मत करते हैं जो भारत में सबसे पागल प्रेतवाधित स्थान है।

भानगढ़ का रहस्य भानगढ़ किला

निश्चित रूप से भानगढ़ किले का इतिहास का नाम बेहोश दिल वालों के लिए नहीं है। भारत और दुनिया में सबसे प्रेतवाधित स्थानों में से एक के रूप में सूचीबद्ध

कैसे पहुंचें भानगढ़ का किला

नई दिल्ली से भानगढ़ पहुंचने में करीब 4 से 5 घंटे लगते हैं। इसके लिए दो मार्ग चुने जा सकते हैं, एक नीमराणा के माध्यम से और दूसरा अलवर के माध्यम से। हालांकि बाद वाला एक छोटा मार्ग है, लेकिन सड़क की प्रतिकूल परिस्थितियों के कारण इसमें अधिक समय लगता है।